इसराइल की खुफिया एजेंसी मोसाद में दो वरिष्ठ अधिकारियों को उनके पदों से हटाए जाने की खबर सामने आई है। इजराइली मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, दोनों अधिकारियों पर ईरान की मौजूदा सरकार को सत्ता से हटाने के लिए तैयार की गई एक कथित ऑपरेशनल योजना में अहम भूमिका निभाने का आरोप था। यह योजना अपने उद्देश्य में सफल नहीं हो सकी।
इजराइली चैनल-12 की रिपोर्ट के अनुसार, हटाए गए अधिकारियों में से एक लंबे समय से मोसाद के इंटेलिजेंस डिपार्टमेंट की जिम्मेदारी संभाल रहा था। वह दिसंबर 2015 से इस विभाग का प्रमुख बताया जा रहा है। वहीं, दूसरे अधिकारी के पास मोसाद में ईरान से जुड़े मामलों वाले विभाग की कमान थी। हालांकि, रिपोर्ट में दोनों अधिकारियों की पहचान सार्वजनिक नहीं की गई है।
मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि दोनों अधिकारियों ने ईरान की सरकार को कमजोर करने और सत्ता परिवर्तन की दिशा में एक विस्तृत ऑपरेशनल प्लान तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। कथित योजना में ईरान के कुर्द समूहों के साथ सहयोग करने और देश के अलग-अलग हिस्सों में बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शनों को बढ़ावा देने की रणनीति शामिल थी।
इस योजना का जिक्र पहले अमेरिकी अखबार द न्यूयॉर्क टाइम्स की एक रिपोर्ट में भी किए जाने का दावा किया गया है। इजराइली मीडिया के मुताबिक, तत्कालीन प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू ने इस प्रस्तावित योजना को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के सामने भी रखा था। उस समय नेतन्याहू ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई को लेकर ट्रंप का समर्थन हासिल करने की कोशिश कर रहे थे।
बताया जाता है कि इस योजना के तैयार होने के दौरान मोसाद की कमान डेविड बार्निया के हाथों में थी। जून 2026 में बार्निया की जगह रोमन गॉफ़मैन ने मोसाद प्रमुख का पद संभाला था।
फिलहाल, दोनों अधिकारियों को हटाए जाने के फैसले और कथित योजना की असफलता को लेकर मोसाद की ओर से कोई विस्तृत आधिकारिक जानकारी सार्वजनिक नहीं की गई है।
