कांग्रेस नेता राहुल गांधी के विदेश नीति को लेकर दिए गए बयान पर भारतीय जनता पार्टी ने कड़ा रुख अपनाया है। राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की विदेश नीति पर सवाल उठाते हुए सरकार की रणनीति को लेकर कई टिप्पणियां की थीं। उनके बयान के बाद बीजेपी नेताओं ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि विदेश नीति जैसे गंभीर विषय को राजनीतिक बयानबाजी का हिस्सा नहीं बनाया जाना चाहिए।
उत्तर प्रदेश बीजेपी अध्यक्ष पंकज चौधरी ने राहुल गांधी के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए कांग्रेस नेता पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत की वैश्विक स्तर पर भूमिका लगातार मजबूत हुई है। उनके मुताबिक, प्रधानमंत्री की विदेश यात्राओं और दूसरे देशों के नेताओं के साथ होने वाली मुलाकातों को केवल तस्वीरों या व्यक्तिगत संबंधों के नजरिए से देखना सही नहीं है।
पंकज चौधरी ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी की विदेश नीति का उद्देश्य भारत के राष्ट्रीय हितों को मजबूत करना है। इसमें व्यापार, निवेश, सुरक्षा, तकनीक, रोजगार और रणनीतिक साझेदारी जैसे कई महत्वपूर्ण मुद्दे शामिल हैं। उन्होंने राहुल गांधी की टिप्पणी को लेकर कहा कि विपक्ष को विदेश नीति जैसे संवेदनशील विषय पर बयान देते समय तथ्यों और देशहित का ध्यान रखना चाहिए।
दरअसल, राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री मोदी की विदेश नीति को लेकर सवाल उठाते हुए विदेशी नेताओं के साथ उनकी मुलाकातों और गर्मजोशी भरे संबंधों पर टिप्पणी की थी। उन्होंने चीन और अन्य अंतरराष्ट्रीय मुद्दों को लेकर भी केंद्र सरकार की रणनीति पर सवाल उठाए। राहुल गांधी के बयान के बाद बीजेपी ने इसे प्रधानमंत्री की विदेश नीति को गलत तरीके से पेश करने की कोशिश बताया।
बीजेपी नेताओं का कहना है कि किसी देश की विदेश नीति केवल दूसरे देशों के राष्ट्राध्यक्षों से मुलाकात तक सीमित नहीं होती। इसके पीछे लंबे समय की कूटनीतिक रणनीति, आर्थिक हित, राष्ट्रीय सुरक्षा और अंतरराष्ट्रीय संबंधों को मजबूत करने की प्रक्रिया होती है।
पंकज चौधरी ने कांग्रेस पर आरोप लगाया कि पार्टी राजनीतिक विरोध के चलते प्रधानमंत्री मोदी की विदेश नीति की उपलब्धियों को नजरअंदाज कर रही है। उन्होंने कहा कि भारत आज वैश्विक मंच पर पहले से अधिक प्रभावशाली भूमिका निभा रहा है।
राहुल गांधी के बयान और बीजेपी की प्रतिक्रिया के बाद विदेश नीति को लेकर सियासी बहस तेज हो गई है। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में कांग्रेस और बीजेपी के बीच इस मुद्दे पर बयानबाजी और बढ़ सकती है।
