हॉकी वर्ल्ड कप 2026 में भारत और पाकिस्तान के बीच मुकाबला रोमांचक मोड़ पर पहुंच गया है। नीदरलैंड्स के एम्स्टेलवीन में खेले जा रहे पूल-डी के इस अहम मुकाबले में भारतीय टीम ने पाकिस्तान के खिलाफ 5-3 की बढ़त बना ली है। मैच में भारतीय खिलाड़ियों ने आक्रामक हॉकी का शानदार प्रदर्शन किया और शुरुआती क्वार्टर से ही पाकिस्तान पर दबाव बनाए रखा। कप्तान हरमनप्रीत सिंह और फॉरवर्ड अभिषेक ने दो-दो गोल करके भारत को मजबूत स्थिति में पहुंचाया, जबकि हार्दिक सिंह ने पेनल्टी स्ट्रोक को गोल में बदलकर टीम की बढ़त और बढ़ा दी।
भारत ने शुरुआत से ही बनाया दबदबा
भारत-पाकिस्तान का मुकाबला हमेशा से हॉकी प्रशंसकों के लिए खास रहा है। इस बार भी दोनों टीमों के बीच मुकाबले में शुरुआत से ही तेज गति देखने को मिली। भारत ने गेंद पर नियंत्रण बनाए रखते हुए पाकिस्तान के डिफेंस पर लगातार दबाव बनाया।
भारतीय कप्तान हरमनप्रीत सिंह ने अपनी पेनल्टी कॉर्नर विशेषज्ञता का शानदार इस्तेमाल किया। उन्होंने टीम के लिए महत्वपूर्ण गोल दागकर भारत को शुरुआती बढ़त दिलाई। इसके बाद अभिषेक ने भी आक्रामक खेल का प्रदर्शन करते हुए दो गोल किए। भारतीय फॉरवर्ड लाइन ने पाकिस्तान के डिफेंस को लगातार पीछे धकेला।
हरमनप्रीत और अभिषेक का शानदार प्रदर्शन
भारत की बढ़त में कप्तान हरमनप्रीत सिंह और अभिषेक की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण रही। दोनों खिलाड़ियों ने दो-दो गोल करके पाकिस्तान के खिलाफ भारतीय आक्रमण को मजबूती दी। हरमनप्रीत ने पेनल्टी कॉर्नर के जरिए अपनी सटीकता का परिचय दिया, जबकि अभिषेक ने फील्ड प्ले में शानदार फिनिशिंग दिखाई।
हरमनप्रीत लंबे समय से भारतीय टीम के सबसे भरोसेमंद पेनल्टी-कॉर्नर विशेषज्ञों में शामिल हैं। मौजूदा विश्व कप में भी उनकी भूमिका टीम के लिए बेहद अहम है। इससे पहले वेल्स के खिलाफ भारत की जीत में भी कप्तान ने दो पेनल्टी कॉर्नर गोल किए थे।
हार्दिक ने पेनल्टी स्ट्रोक पर दागा गोल
मुकाबले में भारत को पेनल्टी स्ट्रोक मिलने के बाद हार्दिक सिंह ने जिम्मेदारी संभाली। उन्होंने बिना किसी घबराहट के गेंद को गोलपोस्ट में पहुंचाकर भारत की बढ़त को 5-3 कर दिया।
हार्दिक भारतीय टीम के मिडफील्ड के महत्वपूर्ण खिलाड़ियों में हैं और उनके खेल की खासियत गेंद को तेजी से आगे ले जाना तथा विपक्षी डिफेंस पर दबाव बनाना है। पाकिस्तान के खिलाफ उनका यह योगदान भारत के लिए बेहद अहम साबित हुआ।
पाकिस्तान ने भी नहीं मानी हार
भारत की मजबूत शुरुआत के बावजूद पाकिस्तान ने मुकाबले में वापसी की कोशिश जारी रखी। पाकिस्तानी खिलाड़ियों ने भारतीय डिफेंस पर दबाव बनाने की कोशिश की और कुछ मौकों पर भारतीय गोलकीपर तथा डिफेंस को परीक्षा में डाला।
हालांकि भारत ने दबाव के बावजूद अपना आक्रामक रवैया कायम रखा। यही कारण रहा कि पाकिस्तान के गोल के जवाब में भारतीय टीम ने लगातार हमले किए और स्कोरबोर्ड पर अपनी बढ़त बनाए रखी।
भारत के लिए क्यों अहम है यह मुकाबला?
हॉकी वर्ल्ड कप के पूल-डी में भारत के लिए यह मुकाबला बेहद महत्वपूर्ण है। भारत ने टूर्नामेंट की शुरुआत वेल्स के खिलाफ 3-1 की जीत से की थी, लेकिन इसके बाद इंग्लैंड के खिलाफ उसे 2-4 से हार का सामना करना पड़ा। इस हार के बाद पाकिस्तान के खिलाफ मुकाबला भारत की आगे की राह के लिहाज से बेहद अहम हो गया था।
भारत अगर पाकिस्तान के खिलाफ जीत हासिल करता है तो अगले दौर में पहुंचने की उसकी स्थिति काफी मजबूत हो जाएगी। वहीं हार या ड्रॉ की स्थिति में गोल अंतर और ग्रुप के अन्य मुकाबलों के नतीजे महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।
मुकाबले के अंतिम चरण पर सबकी नजर
फिलहाल भारत ने पाकिस्तान के खिलाफ 5-3 की बढ़त बनाकर मुकाबले पर अपनी पकड़ मजबूत कर ली है। भारतीय टीम की कोशिश अब डिफेंस को मजबूत रखते हुए इस बढ़त को जीत में बदलने की होगी।
भारत के लिए यह केवल एक मुकाबला नहीं बल्कि विश्व कप के अगले चरण में पहुंचने की दिशा में बेहद महत्वपूर्ण मैच है। हरमनप्रीत, अभिषेक और हार्दिक के शानदार प्रदर्शन ने टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया है। अब भारतीय प्रशंसकों की नजरें मैच के अंतिम पलों पर टिकी हैं कि टीम इस बढ़त को बरकरार रखते हुए पाकिस्तान को शिकस्त देकर विश्व कप के अगले दौर में जगह पक्की करती है या नहीं।
