Wednesday, October 28, 2026
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डेटा सेंटर निर्माण पर रोक लगी तो अमेरिका में आ सकती है मंदी: BlackRock CEO लैरी फिंक की चेतावनी

by Rohan Gupta
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नई दिल्ली: दुनिया की सबसे बड़ी एसेट मैनेजमेंट कंपनियों में शामिल BlackRock के CEO लैरी फिंक ने चेतावनी दी है कि अगर अमेरिका में डेटा सेंटर के निर्माण पर व्यापक रोक लगाई गई, तो देश मंदी की चपेट में आ सकता है। उनका कहना है कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के लिए जरूरी इंफ्रास्ट्रक्चर पर होने वाला भारी निवेश अमेरिकी अर्थव्यवस्था, रोजगार और ऊर्जा क्षेत्र से तेजी से जुड़ गया है।

फिंक की यह टिप्पणी ऐसे समय आई है, जब अमेरिका में डेटा सेंटर बनाने को लेकर स्थानीय समुदायों और अधिकारियों की चिंताएं बढ़ रही हैं। बिजली की बढ़ती लागत, पानी की खपत और पर्यावरण पर असर जैसे मुद्दे आगामी 3 नवंबर के मिडटर्म चुनावों से पहले राजनीतिक बहस का हिस्सा बन रहे हैं।

डेटा सेंटर पर रोक से अर्थव्यवस्था को कैसे हो सकता है नुकसान?

CNBC को दिए इंटरव्यू में लैरी फिंक ने कहा कि अगर देश में किसी तरह की व्यापक रोक लगाई गई, तो अमेरिका मंदी में जा सकता है। उन्होंने इसके पीछे AI इंफ्रास्ट्रक्चर पर हो रहे बड़े पूंजीगत खर्च को प्रमुख वजह बताया।

डेटा सेंटर केवल कंप्यूटर सर्वर रखने वाली इमारतें नहीं हैं। इनके निर्माण में जमीन, भवन, सर्वर, चिप्स, कूलिंग सिस्टम, बिजली आपूर्ति और नेटवर्किंग इंफ्रास्ट्रक्चर पर भारी निवेश होता है। इन परियोजनाओं से निर्माण क्षेत्र, उपकरण निर्माता, इंजीनियरिंग कंपनियां और ऊर्जा क्षेत्र में काम करने वाले व्यवसायों को भी काम मिलता है।

फिंक का तर्क है कि यदि निर्माण अचानक रुकता है, तो इन क्षेत्रों में निवेश और रोजगार प्रभावित हो सकते हैं। हालांकि, उन्होंने किसी संभावित मंदी की अवधि या अमेरिकी अर्थव्यवस्था पर उसके सटीक प्रभाव का कोई आंकड़ा नहीं दिया।

AI निवेश और डेटा सेंटर की मांग तेजी से बढ़ रही है

जनरेटिव AI और बड़े AI मॉडल के विस्तार ने कंप्यूटिंग क्षमता की मांग बढ़ाई है। टेक कंपनियां अपने AI सिस्टम को प्रशिक्षित करने और सेवाएं चलाने के लिए बड़े डेटा सेंटर और अधिक शक्तिशाली कंप्यूटिंग हार्डवेयर में निवेश कर रही हैं।

रियल एस्टेट सेवा कंपनी JLL के अनुमानों के अनुसार, 2030 तक अनुमानित डेटा सेंटर क्षमता विकसित करने के लिए वैश्विक स्तर पर करीब 3 ट्रिलियन डॉलर के निवेश की जरूरत पड़ सकती है। यह अनुमान इस क्षेत्र में निवेश के बड़े पैमाने को दिखाता है, हालांकि वास्तविक निवेश मांग, बिजली उपलब्धता और परियोजनाओं की समयसीमा पर निर्भर करेगा।

फिंक ने डेटा सेंटर उद्योग का बचाव करते हुए कहा कि इस क्षेत्र से रोजगार के नए अवसर पैदा हो रहे हैं। उनके मुताबिक, AI इंफ्रास्ट्रक्चर में निवेश जारी रखना अमेरिका की तकनीकी प्रतिस्पर्धा के लिए महत्वपूर्ण है।

डेटा सेंटर के खिलाफ क्यों बढ़ रहा है विरोध?

अमेरिका के कई इलाकों में डेटा सेंटर परियोजनाओं को लेकर स्थानीय लोगों की आपत्तियां बढ़ी हैं। विरोध के पीछे मुख्य चिंताएं हैं:

  • बिजली के बिल: बड़े डेटा सेंटर की ऊर्जा मांग स्थानीय बिजली व्यवस्था और उपभोक्ताओं की लागत पर दबाव डाल सकती है।
  • पानी की खपत: कुछ डेटा सेंटरों में सर्वर को ठंडा रखने के लिए बड़ी मात्रा में पानी की जरूरत पड़ती है।
  • पर्यावरणीय प्रभाव: निर्माण, ऊर्जा उत्पादन और कूलिंग से जुड़े प्रभावों को लेकर सवाल उठ रहे हैं।
  • स्थानीय लाभ: समुदाय यह जानना चाहते हैं कि परियोजनाओं से मिलने वाले रोजगार और आर्थिक फायदे स्थानीय लागतों के मुकाबले कितने बड़े होंगे।

Pew Research Center के सितंबर 2026 में प्रकाशित सर्वेक्षण के मुताबिक, 50% अमेरिकी वयस्कों ने घरेलू ऊर्जा लागत के लिहाज से डेटा सेंटरों को मुख्यतः नकारात्मक माना। यह आंकड़ा दिखाता है कि तकनीकी निवेश के आर्थिक लाभों के साथ बिजली की लागत को लेकर भी चिंता बनी हुई है।

अमेरिका में मिडटर्म चुनावों से पहले बड़ा मुद्दा

अमेरिका में 3 नवंबर 2026 को होने वाले मिडटर्म चुनावों से पहले डेटा सेंटर निर्माण पर बहस तेज हुई है। कुछ समुदाय और स्थानीय अधिकारी नई परियोजनाओं पर अस्थायी रोक लगाने या उनके लिए कड़े नियम बनाने की मांग कर रहे हैं।

इस मुद्दे पर निवेशकों और स्थानीय समुदायों के नजरिए में अंतर दिखाई देता है। जहां उद्योग AI विकास और रोजगार के अवसरों पर जोर दे रहा है, वहीं स्थानीय लोग बिजली, पानी और पर्यावरण पर पड़ने वाले प्रभावों को लेकर जवाब मांग रहे हैं।

फिंक का बयान इस बहस में उद्योग के पक्ष को सामने रखता है, लेकिन इससे यह साबित नहीं होता कि डेटा सेंटरों पर किसी भी तरह की रोक अपने आप मंदी पैदा कर देगी। वास्तविक आर्थिक असर इस बात पर निर्भर करेगा कि रोक कितनी व्यापक होगी, कितने समय तक लागू रहेगी और निवेश के दूसरे क्षेत्रों में क्या बदलाव होंगे।

क्या अमेरिका में मंदी आना तय है?

फिंक की टिप्पणी एक संभावित आर्थिक जोखिम के बारे में चेतावनी है, मंदी की निश्चित भविष्यवाणी नहीं। अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF) ने अपनी हालिया आर्थिक संभावनाओं में अमेरिकी अर्थव्यवस्था की वृद्धि दर 2026 और 2027, दोनों वर्षों के लिए 2.3% रहने का अनुमान दिया है।

इसलिए डेटा सेंटर निर्माण पर संभावित रोक के प्रभाव को व्यापक आर्थिक परिदृश्य से अलग करके नहीं देखा जा सकता। AI निवेश में कमी का असर निर्माण, कंप्यूटिंग उपकरण और ऊर्जा क्षेत्र पर पड़ सकता है, लेकिन मंदी का वास्तविक जोखिम रोजगार, उपभोक्ता खर्च, ब्याज दरों और दूसरे आर्थिक कारकों पर भी निर्भर करेगा।

फिलहाल, अमेरिका के सामने चुनौती AI इंफ्रास्ट्रक्चर का विस्तार करने और स्थानीय समुदायों की बिजली, पानी तथा पर्यावरण संबंधी चिंताओं का समाधान करने के बीच संतुलन बनाने की है।

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