भारतीय क्रिकेट टीम के हेड कोच गौतम गंभीर ने टेस्ट क्रिकेट में टीम के मौजूदा प्रदर्शन को लेकर उठ रहे सवालों का जवाब दिया है। श्रीलंका के खिलाफ दूसरे टेस्ट से पहले गंभीर ने साफ कहा कि टीम किसी मुश्किल स्थिति में नहीं है। उनके मुताबिक, भारतीय टीम इस समय बदलाव के दौर से गुजर रही है और ऐसे समय में प्रदर्शन में उतार-चढ़ाव आना स्वाभाविक है। भारत ने गॉल में खेले गए पहले टेस्ट में श्रीलंका को 165 रन से हराया था और दो मैचों की सीरीज में 1-0 की बढ़त बना ली है।
रैंकिंग से ज्यादा ट्रॉफी जीतने पर ध्यान
गंभीर ने कहा कि टीम की मौजूदा स्थिति को केवल रैंकिंग के आधार पर नहीं देखा जाना चाहिए। उन्होंने इस बात से भी इनकार किया कि भारतीय टीम टेस्ट क्रिकेट में संघर्ष कर रही है। उनके अनुसार, पिछले कुछ समय में टीम ने अच्छा क्रिकेट खेला है, लेकिन इस दौरान कई बड़े खिलाड़ियों के टेस्ट से संन्यास लेने के कारण टीम का स्वरूप बदला है।
रोहित शर्मा, विराट कोहली और रविचंद्रन अश्विन जैसे अनुभवी खिलाड़ियों के टेस्ट से हटने के बाद टीम में नए खिलाड़ियों को जिम्मेदारी मिल रही है। ऐसे में नई टीम को एक साथ मजबूत होने में समय लगना स्वाभाविक है।
गंभीर ने यह भी कहा कि उनका मुख्य लक्ष्य आलोचनाओं या सोशल मीडिया पर मिलने वाली प्रतिक्रिया पर ध्यान देना नहीं है। उनका काम भारतीय टीम के लिए ट्रॉफियां जीतना है। उन्होंने खिलाड़ियों को पर्याप्त समय देने और एक-दो मैचों के प्रदर्शन के आधार पर उनके बारे में राय नहीं बनाने की बात कही।
गॉल की जीत से टीम का बढ़ा भरोसा
श्रीलंका के खिलाफ पहले टेस्ट में भारत ने शानदार प्रदर्शन किया। गॉल में मिली 165 रन की जीत ने टीम को सीरीज में बढ़त दिलाने के साथ आत्मविश्वास भी दिया। इस मुकाबले में देवदत्त पडिक्कल ने शतक लगाया, जबकि गेंदबाजी में रविंद्र जडेजा और मानव सुथार ने अहम भूमिका निभाई।
दूसरे टेस्ट से पहले गंभीर ने कुलदीप यादव का भी समर्थन किया। पहले टेस्ट में कुलदीप को सिर्फ एक विकेट मिला था, लेकिन कोच ने उन्हें विकेट के लिए ज्यादा दबाव लेने के बजाय अपनी गेंदबाजी पर ध्यान देने की सलाह दी। गंभीर ने भारतीय गेंदबाजी आक्रमण पर भरोसा जताते हुए कहा कि टीम के पास 20 विकेट लेने की क्षमता है।
गंभीर ने टेस्ट सीरीज के फॉर्मेट पर भी अपनी राय रखी। उनका मानना है कि तीन टेस्ट मैचों की सीरीज ज्यादा बेहतर होती है, क्योंकि इसमें किसी टीम को एक मैच हारने के बाद वापसी का अधिक मौका मिलता है।
